Aakhet

Sushil Sidharth

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  • Year: 2019

  • Binding: Hardback

  • Publisher: Kitabghar Prakashan

  • ISBN No: 9788194092124

...चित्रगुप्त ने विस्तार से समस्या बताई तो नारद उछल पड़े। उनको कुछ याद आया। कहने लगे ओहोतो यह बात है। पिछले हफ्ते धरती पर जितने लोग क्लोज हुए उनमें से सबकीआत्मा  गईकिसी भोलाराम की मिसिंग है। अच्छा-अच्छा। तुमको भी ध्यान आएगाकुछ दशक पहले किसी और भोलाराम का जीव धरती पर खो गया था। तब भी मैं गया थाऔर मैंने उसे एक फाइल में खोज निकाला था। ...आज फिर भोलाराम का जीव खोजने जाना होगा!

चित्रगुप्त ने कहाजी बिलकुल। नारद चिंतित हुए। ठीक हैमैं चला जाऊंगा। मगर मान्यता तो यह है कि आत्मा में परमात्मा का वास होता है। तो क्या परमात्मा भी ऐसा कर सकताहैचित्रगुप्त ने हौले से चारों ओर देखा। अरे सरकाहे का परमात्मा का वास। परमात्मा को अपने झंझट से फुरसत नहीं। ऐसे मौसम में वे जाएंगे आत्मा की मेहमानी करनेलोगों कोयही सब कहके बहलाया जाता रहा है। लोकतंत्र में लोक का वास...साहित्य में सहित का वास...राजनीति में नीति का वास...आत्मा में परमात्मा का वास! ...लेकिन मेरे लिए सिरदर्दहै। भोलाराम की आत्मा  जाने कहां मौज कर रही हैमैं यहां परमात्मा हुआ जा रहा हूं।

नारद ने सिर हिलाया। हूंतो मुझे जाना ही होगा। मगर कुछ पता-पहचान तो दो। कंप्यूटर पर फोटो और बायोडाटा दिखा दो।...चित्रगुप्त ने कंप्यूटर स्क्रीन नारद की ओर घुमाई।नारद फुसफुसाए। फिर संवाद होने लगा-

-इसी पुस्तक से


Sushil Sidharth

सुशील सिद्धार्थ 
 जन्म : 2 जुलाई, 1958, ग्राम भीरा , जिला सीतापुर ( उ.प्र. )
शिक्षा : हिंदी साहित्य में पी-एच डी.
प्रकाशित पुस्तकें : 'प्रीति न करियो कोय', 'मो सम कौन', 'नारद की चिंता (व्यंग्य संग्रह) ० 'बागन- बागन कहै चिरैया', ' एका' (अवधी कविता संग्रह)
संपादित पुस्तकें : 'श्रीलाल शुक्ल संचयिता', 'मेरे साक्षात्कार : शिवमूर्ति', 'मेरे साक्षात्कार : मन्नू भंडारी', 'दस प्रतिनिधि कहानियां : उषाकिरण खान', 'दस प्र तिनिधि कहानियां : ऋता शुक्ल', 'प्रतिनिधि कहानियां : चित्रा मुद्ल', 'हिंदी कहानी का युवा परिदृश्य' ( 3 खंड)
व्यंग्य और आलोचना में सक्रिय
कई समाचार-पत्रों व पत्रिकाओं में स्तंभ लेखन । पर्याप्त मीडिया लेखन
'उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान' से दो बार व्यंग्य और दो बार अवधी कविता हेतु नामित पुरस्कार । आलोचना के लिए 'स्पंदन सम्मान'
'व्यंग्य लेखक समिति' (वलेस) के राष्ट्रीय अध्यक्ष

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